बिहार के युवाओं से CM सम्राट चौधरी की अपील, विकसित भारत के साथ समृद्ध बिहार बनाने में दें सक्रिय योगदान

बिहार के जमुहार में 12 मार्च को आयोजित युवा संवाद कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने किया। इस अवसर पर उन्होंने केंद्र सरकार के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा प्रस्तुत ‘डेवलपिंग इंडिया’ के वादे की प्रशंसा की और राज्य के युवाओं से देश के विकास में सक्रिय भागीदारी का आग्रह किया।

कार्यक्रम के मुख्य उद्देश्य में बिहार के युवा वर्ग को आर्थिक, सामाजिक और तकनीकी क्षेत्रों में सशक्त बनाना, तथा उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर चल रहे विकास पहलों में जोड़ना शामिल है। मुख्यमंत्री ने कहा कि युवा शक्ति ही भारत के भविष्य को आकार देने वाली प्रमुख शक्ति है और उनका सहयोग बिना शर्त होना चाहिए। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि बिहार में युवा जनसंख्या का प्रतिशत राष्ट्रीय औसत से अधिक है, जिससे इस समूह की भूमिका और भी महत्वपूर्ण बनती है।

सम्राट चौधरी ने ‘डेवलपिंग इंडिया’ के तहत चल रही विभिन्न योजनाओं—जैसे डिजिटल इंडिया, मेक इन इंडिया, और स्किल्स इंडिया—की ओर संकेत किया और कहा कि इन पहलों को सफल बनाने में बिहार के युवाओं का योगदान आवश्यक है। उन्होंने यह भी बताया कि राज्य सरकार ने शिक्षा, कौशल विकास और उद्यमिता को बढ़ावा देने के लिए कई पहलें शुरू की हैं, जिनमें तकनीकी प्रशिक्षण केंद्र, स्टार्ट‑अप इन्क्यूबेटर और रोजगार मेला शामिल हैं।

युवा संवाद के दौरान उपस्थित कई युवा प्रतिनिधियों ने अपने विचार और सुझाव प्रस्तुत किए। उन्होंने स्थानीय उद्योगों में रोजगार के अवसर, कृषि में नई तकनीकों का उपयोग, और शहरी‑ग्रामीण अंतर को पाटने के लिए डिजिटल साक्षरता को बढ़ावा देने की आवश्यकता पर बल दिया। इन बिंदुओं को सुनते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार इन सुझावों को नीति निर्माण में शामिल करेगी और आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराएगी।

कार्यक्रम में राज्य के विभिन्न विभागों के प्रमुख और केंद्रीय सरकार के प्रतिनिधियों ने भी भाग लिया। उन्होंने बताया कि ‘डेवलपिंग इंडिया’ के तहत बिहार को विशेष आर्थिक क्षेत्र (SEZ) और उद्योग क्लस्टर स्थापित करने की योजना है, जिससे निवेश आकर्षित हो सके और रोजगार सृजन में तेजी आए।

सम्राट चौधरी ने समापन में कहा कि बिहार का विकास केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक, विशेषकर युवाओं की सक्रिय भागीदारी से ही संभव है। उन्होंने सभी उपस्थित युवाओं से अपील की कि वे शिक्षा, कौशल और नवाचार के माध्यम से अपने राज्य और देश को समृद्ध बनाने में अपना योगदान दें।

यह युवा संवाद कार्यक्रम, जो वार्षिक रूप से आयोजित किया जाता है, बिहार सरकार की युवा नीति के कार्यान्वयन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। भविष्य में इस तरह के मंचों के माध्यम से युवा वर्ग की आवाज़ को नीति निर्माण में और अधिक सम्मिलित करने की योजना है।